श्लोक के माध्यम से अहंकार और विनम्रता का जीवनोपयोगी संदेश
अगाधजलसञ्चारी न गर्वं याति रोहितः। अङ्गुष्ठोदकमात्रेण शफरी फुर्फुरायते॥ संस्कृत साहित्य में ऐसे अनेक श्लोक मिलते हैं जो बहुत सरल उदाहरणों […]
अगाधजलसञ्चारी न गर्वं याति रोहितः। अङ्गुष्ठोदकमात्रेण शफरी फुर्फुरायते॥ संस्कृत साहित्य में ऐसे अनेक श्लोक मिलते हैं जो बहुत सरल उदाहरणों […]
हाईस्कूल प्री-बोर्ड परीक्षा 2026 का संशोधित टाइम टेबल जारी वाराणसी | 5 जनवरी 2026 जनपद वाराणसी में हाईस्कूल प्री-बोर्ड परीक्षा
इस पाठ “अहं संगणकः अस्मि” में संगणक को एक सजीव पात्र के रूप में प्रस्तुत किया गया है, जो विद्यार्थियों
इस पाठ “एत बालकाः” में बालकों को साहस, परिश्रम और सकारात्मक सोच के साथ जीवन-पथ पर आगे बढ़ने की प्रेरणा
इस पाठ में बालिकाओं के संरक्षण, शिक्षा और समान अधिकारों के महत्व पर प्रकाश डाला गया है। पाठ के माध्यम
षोडशः पाठः – अभ्यासः (समाधान सहित) 1. उच्चारणं कृत्वा पुस्तिकायां च लिखत व्यवस्थितरिया अतिक्रमणकारिणी विषमपरिस्थिति । सीमानियन्त्रणरेखायाः भारतीयसेनाबलेन प्राणोत्सर्गम् ।
यह पाठ भगवद्गीता के अमृतमय उपदेशों को प्रस्तुत करता है, जिसमें ईश्वर की सर्वव्यापकता, अविनाशी आत्मा और कर्मयोग का संदेश
यह पाठ वाराणसी नगरी के धार्मिक, सांस्कृतिक और शैक्षिक महत्व को स्पष्ट करता है।वाराणसी केवल एक तीर्थस्थान ही नहीं, बल्कि
यह पाठ ‘वीराभिमन्युः’ महाभारत के महान् योद्धा अभिमन्यु के अद्भुत शौर्य और बलिदान का वर्णन करता है।महाभारत का युद्ध अठारह
यह पाठ ‘प्रियं भारतम्’ भारतवर्ष की प्राकृतिक सुंदरता, विशालता और गौरव का वर्णन करता है।भारत नदियों के हार, हिमालय पर्वत,